Lows of Electrical Engineering
हेलो दोस्तो में अक्षय फिर से एक बार आप सभी का इस साइट पर स्वागत करता हूं।
दोस्तो मुझे माफ़ करना में कल कुछ काम में था इस लिए मैने पोस्ट नहीं किया।
सो आज हम एक नए टॉपिक के बारे में बात करने वाले है जिसका नाम तो कई है पर शॉर्ट में कुछ जरूरी नियमो जो इलेक्ट्रिकल में आप सभी को काम आएंगे।
में आज आप के लिए कुछ नियम के कर आया हूं जो सरल ओर छोटे है इसलिए आपको भी इसे समजनेमे आसानी होगी ऐसी आशा रखता हूं।
तो बिना देरी किए शरु करते है हमारा आजका एक बेहद ही छोटा ओर अच्छा टॉपिक
दोस्तो इलेक्ट्रिकल में भी कुछ नियम होते है जिसको पार किए बिना कुछ ऐसे काम हम लोग नहीं कर सकते क्युकी ये नियम ही ऐसे कामोमे सबसे पहले आकर खड़े हो जाते है। इस लिए ये कुछ नियम है जो आप सभी को सिखाने की कोशिश करता हूं।
हमारे इलेक्ट्रिकल में जो भी नियम आते हे उसे मैने नीचे नाम दिए रखे हे।
1. किर्चोफ का नियम
2. कुलंब का नियम
3. फेराडे का नियम
4. इलेक्ट्रो मैग्नेटिक इंडक्शन
5. जुल का नियम
ऊपर जोभी नियम दिए गए है वो सब आज हमे पढ़ने हे। ओर इसका उपयोग कहा कहा होता ये सब हम देखेंगे।
1. किर्चोफ का नियम :- हमारे इलेक्ट्रिकल में किर्चोफ एक बहोत ही बड़ा वैज्ञानिक था इसने कई सारे रिसर्च इलेक्ट्रिकल के बारे में की थे।
उसमे से आज हम इसके दो नियम देखने वाले है। उसने दो नियम दिए थे उनमें से पहला नीचे मुजब है।
पहला नियम :- इसे हम करंट का नियम भी कहते हे। इस नियम की व्याख्या :-किसी वैद्युत परिपथ में किसी सन्धि पर मिलने वाली सभी धाराओं का बीजगणितीय योग शून्य होता है। इस नियम को जानने के लिए नीचे एक फोटो दी हुई है।
ऊपर की फटो समजने के लिए में आपको एक ओर व्याख्या बताता हूं:- नोड से दूर जाता हुआ करंट और नोड के पास आते हुए करंट का योग बराबर होता है।
इस फोटो में कुल 5 करंट हे जिसमें कोई दूर जाता है तो कोई पास आता है। 1 नंबर करंट पास आता है, 2 नंबर का करंट भी पास आता है मगर 3 नंबर का करंट दूर जाता है, 4 नंबर का करंट भी दूर जाता है ओर 5 नंबर के करंट भी दूर जाता है।
I1 + I2 = I3 + I4 + I5
तो यहां पर पहला नियम पूरा हूता हे अब हम दूसरा नियम देखेंगे।
दूसरा नियम :- इसे हम वोल्टेज का नियम भी कहते है।
इसकी व्याख्या :- बंद परिपथ या लूप मे प्रतिरोधों के सिरों पर उत्पन्न विभवांतर बीजगणितीय योग उस परिपथ में स्थित सेलो के विद्युत वाहक बालो के बीजगणितीय योग के बराबर होता है।
इसे समझने के लिए नीचे एक सर्किट दी गई है।
सर्किट में दो प्रतिरोध ओर एक सोर्स रुपमें बैटरी है, इस सर्किट को हम किर्चोफ के नजरिए से देखें तो पता चलता है कि
प्रतिरोध R1 का वोल्टेज ड्रॉप = IR1
प्रतिरोध R2 ka वोल्टेज ड्रॉप = IR2
बैटरी वोल्टेज = VS
VS = IR1 + IR2
VS - IR1 - IR2 = 0
यहां पर दूसरा नियम भी पूरा होता है। तो हमने दो नियम देख लिए है अब हम फेराडे के नियम बारे में बात करेंगे।
फेराडे के नियम :- फेराडे भी एक बहोत बड़ा वैज्ञानिक था इसने भी इलेक्ट्रिकल को लेकर कई सारी शोध कि थी। उसने कुछ नियम भी दिए थे जिसमे से हम आज दो नियमो के बारे में बात करेंगे।
फेराडे का पहला नियम :- जब कोई कंडक्टर क्किसी भी मैग्नेटिक फ्लक्स को काट ते है तब उस कंडक्टर में इलेक्ट्रो मोटिव फ़ोर्स पैदा होता है।
मतलब कि जब भी कोई कोइल यानी कंडक्टर एक सोर्स के साथ जुड़ी हुई कॉइल यानी कि जिस कोइलो में करंट पाथ होता है वो कॉइल, ये दोनों कॉइल में से पहली कॉइल जब दूसरी कॉइल के साथ जुड़ती है तब एक वोल्टेज यानी इलेक्ट्रो मोटीव फ़ोर्स पैदा होता है।
फेराडे का दूसरा नियम:- जो इलेक्ट्रो मोटिव फ़ोर्स पैदा होता है वो फ्लक्स के साथ जुड़ने की कीमत से सीधा आधार रखता है। और मैग्नेटिक फ्लक्स के साथ जुड़ने की कीमत और ट्रेन की संख्या के गुणन पर भी सीधा आधार रखता है।
ओर इसका इक्वेशन नीचे दिया है।
ओर इसमें पूरा विवरण किया हुए हे की किस शब्द का क्या मतलब होता है।
तो ये थे फेराडे के दो नियम जो हमने ऊपर डेक्खे। अब हम lenz के नियम के बरीम बात करेंगे।
lenz का नियम :- इस नियम को सीखने का सबसे सरल तरीका है इसकी छोटी व्याख्या - की जो वोल्टेज पैदा होता है वो उसिके विरूद्ध में पैदा होता है ओर कुल वोल्टेज को कम करता है। इसकी एक फोटो नीचे दी हुई है।
तो दोस्तो आज के लिए इतना ही काफी है। क्युकी अब ज्यादा पोस्ट लंबी करूंगा तो आपको मजा नहीं आएगा बाकी के दो या तीन नियम बाद में देख लेंगे।
तो मिलते है फिर अगली पोस्ट में तब तक के लिए by
आपका दिन शुभ रहे।
दोस्तो मुझे माफ़ करना में कल कुछ काम में था इस लिए मैने पोस्ट नहीं किया।
सो आज हम एक नए टॉपिक के बारे में बात करने वाले है जिसका नाम तो कई है पर शॉर्ट में कुछ जरूरी नियमो जो इलेक्ट्रिकल में आप सभी को काम आएंगे।
में आज आप के लिए कुछ नियम के कर आया हूं जो सरल ओर छोटे है इसलिए आपको भी इसे समजनेमे आसानी होगी ऐसी आशा रखता हूं।
तो बिना देरी किए शरु करते है हमारा आजका एक बेहद ही छोटा ओर अच्छा टॉपिक
दोस्तो इलेक्ट्रिकल में भी कुछ नियम होते है जिसको पार किए बिना कुछ ऐसे काम हम लोग नहीं कर सकते क्युकी ये नियम ही ऐसे कामोमे सबसे पहले आकर खड़े हो जाते है। इस लिए ये कुछ नियम है जो आप सभी को सिखाने की कोशिश करता हूं।
हमारे इलेक्ट्रिकल में जो भी नियम आते हे उसे मैने नीचे नाम दिए रखे हे।
1. किर्चोफ का नियम
2. कुलंब का नियम
3. फेराडे का नियम
4. इलेक्ट्रो मैग्नेटिक इंडक्शन
5. जुल का नियम
ऊपर जोभी नियम दिए गए है वो सब आज हमे पढ़ने हे। ओर इसका उपयोग कहा कहा होता ये सब हम देखेंगे।
1. किर्चोफ का नियम :- हमारे इलेक्ट्रिकल में किर्चोफ एक बहोत ही बड़ा वैज्ञानिक था इसने कई सारे रिसर्च इलेक्ट्रिकल के बारे में की थे।
उसमे से आज हम इसके दो नियम देखने वाले है। उसने दो नियम दिए थे उनमें से पहला नीचे मुजब है।
पहला नियम :- इसे हम करंट का नियम भी कहते हे। इस नियम की व्याख्या :-किसी वैद्युत परिपथ में किसी सन्धि पर मिलने वाली सभी धाराओं का बीजगणितीय योग शून्य होता है। इस नियम को जानने के लिए नीचे एक फोटो दी हुई है।
ऊपर की फटो समजने के लिए में आपको एक ओर व्याख्या बताता हूं:- नोड से दूर जाता हुआ करंट और नोड के पास आते हुए करंट का योग बराबर होता है।
इस फोटो में कुल 5 करंट हे जिसमें कोई दूर जाता है तो कोई पास आता है। 1 नंबर करंट पास आता है, 2 नंबर का करंट भी पास आता है मगर 3 नंबर का करंट दूर जाता है, 4 नंबर का करंट भी दूर जाता है ओर 5 नंबर के करंट भी दूर जाता है।
I1 + I2 = I3 + I4 + I5
तो यहां पर पहला नियम पूरा हूता हे अब हम दूसरा नियम देखेंगे।
दूसरा नियम :- इसे हम वोल्टेज का नियम भी कहते है।
इसकी व्याख्या :- बंद परिपथ या लूप मे प्रतिरोधों के सिरों पर उत्पन्न विभवांतर बीजगणितीय योग उस परिपथ में स्थित सेलो के विद्युत वाहक बालो के बीजगणितीय योग के बराबर होता है।
इसे समझने के लिए नीचे एक सर्किट दी गई है।
सर्किट में दो प्रतिरोध ओर एक सोर्स रुपमें बैटरी है, इस सर्किट को हम किर्चोफ के नजरिए से देखें तो पता चलता है कि
प्रतिरोध R1 का वोल्टेज ड्रॉप = IR1
प्रतिरोध R2 ka वोल्टेज ड्रॉप = IR2
बैटरी वोल्टेज = VS
VS = IR1 + IR2
VS - IR1 - IR2 = 0
यहां पर दूसरा नियम भी पूरा होता है। तो हमने दो नियम देख लिए है अब हम फेराडे के नियम बारे में बात करेंगे।
फेराडे के नियम :- फेराडे भी एक बहोत बड़ा वैज्ञानिक था इसने भी इलेक्ट्रिकल को लेकर कई सारी शोध कि थी। उसने कुछ नियम भी दिए थे जिसमे से हम आज दो नियमो के बारे में बात करेंगे।
फेराडे का पहला नियम :- जब कोई कंडक्टर क्किसी भी मैग्नेटिक फ्लक्स को काट ते है तब उस कंडक्टर में इलेक्ट्रो मोटिव फ़ोर्स पैदा होता है।
मतलब कि जब भी कोई कोइल यानी कंडक्टर एक सोर्स के साथ जुड़ी हुई कॉइल यानी कि जिस कोइलो में करंट पाथ होता है वो कॉइल, ये दोनों कॉइल में से पहली कॉइल जब दूसरी कॉइल के साथ जुड़ती है तब एक वोल्टेज यानी इलेक्ट्रो मोटीव फ़ोर्स पैदा होता है।
फेराडे का दूसरा नियम:- जो इलेक्ट्रो मोटिव फ़ोर्स पैदा होता है वो फ्लक्स के साथ जुड़ने की कीमत से सीधा आधार रखता है। और मैग्नेटिक फ्लक्स के साथ जुड़ने की कीमत और ट्रेन की संख्या के गुणन पर भी सीधा आधार रखता है।
ओर इसका इक्वेशन नीचे दिया है।
ओर इसमें पूरा विवरण किया हुए हे की किस शब्द का क्या मतलब होता है।
तो ये थे फेराडे के दो नियम जो हमने ऊपर डेक्खे। अब हम lenz के नियम के बरीम बात करेंगे।
lenz का नियम :- इस नियम को सीखने का सबसे सरल तरीका है इसकी छोटी व्याख्या - की जो वोल्टेज पैदा होता है वो उसिके विरूद्ध में पैदा होता है ओर कुल वोल्टेज को कम करता है। इसकी एक फोटो नीचे दी हुई है।
तो दोस्तो आज के लिए इतना ही काफी है। क्युकी अब ज्यादा पोस्ट लंबी करूंगा तो आपको मजा नहीं आएगा बाकी के दो या तीन नियम बाद में देख लेंगे।
तो मिलते है फिर अगली पोस्ट में तब तक के लिए by
आपका दिन शुभ रहे।




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